ओणम हमें सिखाता है कि सच्चा राजा वही है जो प्रजा से बड़ा प्रेम करे।
Mahabali checks on his people once a year. Let him find us happy.
इस ओणम, अपने अपनों के साथ बैठिए, केले के पत्ते पर बैठा भोजन दिल से बड़ा नहीं होता।
क्या सादया की खुशबू से बेहतर भी कोई त्योहार का स्वागत हो सकता है?
May Mahabali find your doorstep decorated and your heart even more so.