शिव तांडव में भी करुणा छुपी है — यही तो भोलेनाथ का चमत्कार है।
शिव और शक्ति का मिलन ही तो इस पावन रात्रि का सार है।
गंगाजल से अभिषेक हो, मन के सारे विकार धुल जाएं।
नीलकंठ ने विष पिया, हमें अमृत बांटा — यही शिव तत्व है।
Wishing you a Shivratri lit less by lamps and more by devotion.